ब्रसेल्स में 42 देशों के प्रतिनिधियों ने तीन दिनों की वार्ता के बाद एक ऐतिहासिक समझौते पर मुहर लगाई। इस समझौते का मुख्य उद्देश्य विभिन्न समय क्षेत्रों के बीच वास्तविक समय में बिजली का आदान-प्रदान करके ग्रिड की स्थिरता सुनिश्चित करना है।
समान तकनीकी मानक
संधि के अनुसार सभी सदस्य देश उच्च वोल्टेज डायरेक्ट करंट (HVDC) लाइनों के लिए समान सुरक्षा और वोल्टेज प्रोटोकॉल लागू करेंगे, जिससे लंबी दूरी के पारेषण में बिजली का नुकसान तीन प्रतिशत से कम रहेगा।
आपातकालीन स्थितियों में बिजली के प्रवाह को सुचारू बनाए रखने और विवादों को सुलझाने के लिए वियना में एक स्वतंत्र तकनीकी पैनल स्थापित किया जाएगा।
रणनीतिक खनिज भंडार
समझौते का दूसरा प्रमुख बिंदु तांबे और महत्वपूर्ण खनिजों का कम से कम 90 दिनों का रणनीतिक भंडार बनाए रखना है ताकि वैश्विक आपूर्ति में व्यवधान आने पर बुनियादी ढांचा प्रभावित न हो।